Homeशहर और राज्य#Meerut पीड़ित पतियों ने अपनी पत्नी के खिलाफ़ लगाई अफसरों से गुहार।

#Meerut पीड़ित पतियों ने अपनी पत्नी के खिलाफ़ लगाई अफसरों से गुहार।

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#Meerut पीड़ित पतियों ने अपनी पत्नी के खिलाफ़ लगाई अफसरों से गुहार।

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The aggrieved husbands appealed to the officers against their wives.

मेरठ में कुछ पतियों ने परिवार परामर्श केंद्र में प्रार्थना पत्र देकर कहा कि साहब पत्नी सफाई कराती है और मना करने पर पिटाई करती है। यह सुनकर अधिकारी भी हैरान रह गए। दरअसल, मेरठ में पिछले तीन माह में परिवार परामर्श केंद्र में आए लगभग 55 प्रार्थना पत्र ऐसे थे, जिसमें किसी की पत्नी मारपीट करती है तो किसी की Wife घर में सफाई कराती है। कुछ ऐसे भी मामले हैं जिसमें पत्नी हर वक्त Tv या मोबाइल पर ही व्यस्त रहती थी। हालांकि गत वर्ष 2022 में भी इसी तरह के 450 प्रार्थना पत्र आए थे। इन दुखी पतियों ने पत्नियों के अत्याचार से मुक्ति दिलाने की गुहार लगाई है।

बतादे की लिसाड़ी गेट के रहने वाले एक युवक ने प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उसकी शादी 6 माह पहले हुई थी। शादी के बाद से ही उसकी पत्नी लड़ाई-झगड़े पर उतारू रहती है। बात बात पर झगड़ा और मारपीट करती है। उसकी पत्नी उससे घर की सफाई कराती है। जब उसने काम करने से मना कर दिया तो पत्नी ने मारपीट की और मायके जाकर रहने लगी। युवक ने गुहार लगाई कि पत्नी को समझाकर घर लाया जाए। Police ने Husband-Wife और उनके परिवार को बुलाकर बातचीत कराई, तब जाकर दोनों दोबारा साथ रहने के लिए तैयार हुए।

ऐसे ही कबाड़ी बाजार निवासी व्यक्ति ने भी शिकायत में उसने बताया कि उसके 2 बच्चे हॉस्टल में रहकर 8-9 कक्षा में पढ़ते हैं। वह प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है। जब भी घर पर आता है तो खाना खुद बनाना पड़ता है। उसकी wife हर समय TV या मोबाइल में व्यस्त रहती है। जब वह उसको घर का कार्य करने के लिए और खुद के कार्य करने से मना करता है तो घर में झगड़ा होता है। पत्नी के मायके वाले भी उसका ही साथ देते हैं।

ऐसे बहुत सारे मामले हैं जो अपनी पत्नियों से दुःखी हैं। उन सभी ने प्रार्थना पत्र देकर पत्नियों के अत्याचार से छुटकारे के लिए गुहार लगाई है। हालांकि ऐसे बहुत सारे ऐसे भी मामले होते हैं जिनका पता नही चल पाता। माना जा रहा है कि पुरुष भी घरेलू हिंसा का शिकार हो रहे है। कुछ मामले परामर्श केंद्र में पहुंच जाते है। बाकी मामलों का पता ही नही चल पाता। इस मामले में परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी आंचल शर्मा का कहना है कि अधिकतर प्रार्थना पत्र में पतियों पर आरोप लगते हैं। पिछले कुछ समय से ऐसे भी केस आ रहे हैं, जिसमें पति अपनी पत्नी की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। दोनों ही मामलों में प्रयास रहता है कि उनके बीच सुलह करा दी जाए।

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